Breaking News in Hindi
ब्रेकिंग
PM मोदी का 76वां जन्मदिन आज, बोले आशीर्वाद सेवा का संकल्प मजबूत करता है BRICS Summit 2026: भारत के लिए कितना अहम है यह शिखर सम्मेलन? जानिए समूह से जुड़ी जरूरी बातें आंगनवाड़ी कार्यकर्ताओं का मानदेय ₹8,000 से बढ़कर ₹12,000 प्रतिमाह: UP सरकार का बड़ा ऐलान राजस्थान निकाय चुनाव 2026: 9 और 11 सितंबर को मतदान, 14 सितंबर को आएंगे नतीजे चोरी के डर से छत पर चढ़ा दी Scorpio! गोपालगंज में क्रेन से दो मंजिल ऊपर पहुंचाई SUV सड़क बनेगी तो धंसेगी, धंसेगी तो बनेगी: केशव मौर्य इंडोनेशिया में माउंट अनाक क्राकाटाऊ में जोरदार विस्फोट, 50,000 फीट तक पहुंचा राख का गुबार भारत के राष्ट्रपति ने शिक्षकों को राष्ट्रीय पुरस्कार प्रदान किए। Happy Teachers Day 2026: शिक्षक दिवस क्यों मनाया जाता है? जानें इतिहास और महत्व शुभ जन्माष्टमी: भगवान श्रीकृष्ण के जन्मोत्सव पर देशभर में भक्ति और उल्लास

ज्ञानवापी मामला: इलाहाबाद हाईकोर्ट का फैसला, व्यास तहखाने में जारी रहेगी पूजा-पाठइलाहाबाद उच्च न्यायालय ने ज्ञानवापी मस्जिद परिसर के भीतर व्यास जी के तहखाने का वाराणसी के जिला मजिस्ट्रेट को रिसीवर (निगरानीकर्ता) नियुक्त करने और तहखाने में पूजा की अनुमति देने के वाराणसी के जिला न्यायाधीश के निर्णय के खिलाफ दायर अपील सोमवार को खारिज कर दी। न्यायमूर्ति रोहित रंजन अग्रवाल ने दोनों पक्षों को सुनने के बाद 15 फरवरी को अपना निर्णय सुरक्षित रख लिया था। न्यायमूर्ति रोहित रंजन अग्रवाल ने कहा कि व्यास जी के तहखाने में पूजा अर्चना जारी रहेगी। ज्ञानवापी मस्जिद का प्रबंधन करने वाली अंजुमन इंतेजामिया मस्जिद कमेटी ने वाराणसी जिला न्यायाधीश के दोनों निर्णयों के खिलाफ इलाहाबाद उच्च न्यायालय में अपील दायर की थी। व्यास तहखाने में जारी रहेगी पूजा-पाठ: इलाहाबाद HC सूत्रों से मिली जानकारी के मुताबिक, न्यायमूर्ति रोहित रंजन अग्रवाल ने अपील खारिज करते हुए कहा कि इस मामले के संपूर्ण रिकॉर्ड को देखने और संबंधित पक्षों की दलीलें सुनने के बाद अदालत को वाराणसी के जिला न्यायाधीश द्वारा पारित निर्णय में हस्तक्षेप करने का कोई आधार नहीं मिला। वाराणसी के जिला न्यायाधीश ने वाराणसी के जिला मजिस्ट्रेट को व्यास जी के तहखाने का रिसीवर नियुक्त करने का आदेश 17 जनवरी, 2024 को पारित किया था आ तहखाने में पूजा करने की अनुमति देने का निर्णय 31 जनवरी, 2024 को पारित किया था। 

इलाहाबाद उच्च न्यायालय ने ज्ञानवापी मस्जिद परिसर के भीतर व्यास जी के तहखाने का वाराणसी के जिला मजिस्ट्रेट को रिसीवर (निगरानीकर्ता) नियुक्त करने और तहखाने में पूजा की अनुमति देने के वाराणसी के जिला न्यायाधीश के निर्णय के खिलाफ दायर अपील सोमवार को खारिज कर दी। न्यायमूर्ति रोहित रंजन अग्रवाल ने दोनों पक्षों को सुनने के बाद 15 फरवरी को अपना निर्णय सुरक्षित रख लिया था। न्यायमूर्ति रोहित रंजन अग्रवाल ने कहा कि व्यास जी के तहखाने में पूजा अर्चना जारी रहेगी। ज्ञानवापी मस्जिद का प्रबंधन करने वाली अंजुमन इंतेजामिया मस्जिद कमेटी ने वाराणसी जिला न्यायाधीश के दोनों निर्णयों के खिलाफ इलाहाबाद उच्च न्यायालय में अपील दायर की थी।

व्यास तहखाने में जारी रहेगी पूजा-पाठ: इलाहाबाद HC
सूत्रों से मिली जानकारी के मुताबिक, न्यायमूर्ति रोहित रंजन अग्रवाल ने अपील खारिज करते हुए कहा कि इस मामले के संपूर्ण रिकॉर्ड को देखने और संबंधित पक्षों की दलीलें सुनने के बाद अदालत को वाराणसी के जिला न्यायाधीश द्वारा पारित निर्णय में हस्तक्षेप करने का कोई आधार नहीं मिला। वाराणसी के जिला न्यायाधीश ने वाराणसी के जिला मजिस्ट्रेट को व्यास जी के तहखाने का रिसीवर नियुक्त करने का आदेश 17 जनवरी, 2024 को पारित किया था आ तहखाने में पूजा करने की अनुमति देने का निर्णय 31 जनवरी, 2024 को पारित किया था।

Comments are closed, but trackbacks and pingbacks are open.