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चुनाव आयोग ने इलेक्टोरल बॉन्ड्स से जुड़ी नई जानकारी की सार्वजनिक, वेबसाइट पर किया अपलोड

चुनाव आयोग ने लोगों द्वारा खरीदे गए और राजनीतिक दलों की ओर से भुनाए गए चुनावी बॉन्ड से जुड़ी नई जानकारी को सार्वजनिक कर दिया है. ये वो जानकारी जो सुप्रीम कोर्ट के निर्देश के बाद चुनाव आयोग ने सीलबंद लिफाफे में रजिस्ट्री को सौंपा था. एक दिन पहले यानी शनिवार को रजिस्ट्री ने वो जानकारी चुनाव आयोग को वापस लौटा दी थी. जिसके बाद अब चुनाव आयोग ने उस जानकारी को अपनी वेबसाइट पर अपलोड कर दिया है.

चुनाव आयोग ने कहा है कि सुप्रीम कोर्ट के 15 मार्च, 2024 के आदेश को देखते हुए रजिस्ट्री ने डेटा चुनाव आयोग को वापस लौटा दिया है. चुनाव आयोग को यह डेटा डिजिटल फॉर्मेट के साथ-साथ हार्ड कॉपी में भी मिला है. जिसके बाद अब चुनाव आयोग ने पूरी जानकारी को सार्वजनिक कर दिया है. सुप्रीम कोर्ट के आदेश के अनुसार चुनावी बॉन्ड से जुड़ी इस नई जानकारी को 17 मार्च शाम 5 बजे तक सार्वजनिक करनी थी. आयोग को यह डेटा रजिस्ट्री से डिजिटल रूप में पेन ड्राइव में मिला था.

यूनिक नंबर के लिए कोर्ट ने एसबीआई से मांगा है जवाब

चुनाव आयोग की ओर से वेबसाइट पर अपलोड की गई नई जानकारी में केवल बॉन्ड की तारीख, बॉन्ड के नंबर, बैंक का ब्रांच, रिसीविंग डेट और क्रेडिट डेट का डाटा शो हो रहा है. इस जानकारी में भी वो यूनिक नंबर नहीं हैं, जिसे लेकर सुप्रीम कोर्ट ने एसीबीआई को फटकार लगाई थी और देश के सबसे बड़े बैंक से 18 मार्च तक जवाब मांगा है.

चुनाव आयोग ने 2019 और 2023 में उपलब्ध कराई थी जानकारी

सुप्रीम कोर्ट ने चुनावी बॉन्ड से जुड़ी याचिका पर सुनवाई करते हुए चुनाव आयोग से इस डेटा के बारे में सवाल किया था. जिसके बाद चुनाव आयोग ने बताया कि उसेक पास डेटा की जानकारी नहीं है. इसके बाद चीफ जस्टिस की अगुवाई वाली बेंच ने सुप्रीम कोर्ट की रजिस्ट्री से डेटा को वापस लौटाने का निर्देश दिया था. चुनाव आयोग ने सुप्रीम कोर्ट को 2019 और 2023 में सिलबंद लिफाफे में जानकारी उपलब्ध कराई गई थी.

763 पेज का डेटा किया अपलोड

बता दें कि इससे पहले 14 मार्च को चुनाव आयोग ने चुनावी बॉन्ड से जुड़ी एक और जानकारी अपनी वेबसाइट पर सार्वजनिक की थी. इसमें 763 पेज की दो लिस्ट थी, जिसमें एक में बॉन्ड खरीदने वालों की जानकारी थी जबकि दूसरी में बॉन्ड को भुनाने वालों की जानकारी थी.

किसे कितना मिला चंदा?

पीटीआई के मुताबिक, बीजेपी ने कुल 6986.5 करोड़ रुपए के चुनावी बॉन्ड भुनाए हैं. पार्टी को 2019-20 में सबसे ज्यादा 2555 करोड़ रुपए मिले थे. दूसरी ओर कांग्रेस ने चुनावी बॉन्ड के जरिए कुल 1334.35 करोड़ रुपए भुनाए हैं. बीजद ने 944.5 करोड़, वाईएसआर कांग्रेस ने 442.8 करोड़, टीडीपी ने 181.35 करोड़, तृणमूल कांग्रेस को 1397 करोड़, बीआरएस ने 1322 करोड़, सपा को चुनावी बॉण्ड के जरिए 14.05 करोड़, अकाली दल को 7.26 करोड़, अन्नाद्रमुक को 6.05 करोड़, नेशनल कॉन्फ्रेंस को 50 लाख रुपए का चंदा मिला है.

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