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बैरागढ़ में जर्जर पाइप लाइन बदलने में विलंब गंदे पानी और लीकेज की समस्या से नहीं मिल रही निजात

भोपाल। बैरागढ़ सहित आसपास के अनेक इलाकों में नलों में गंदा पानी आने की समस्या का हल अभी तक नहीं निकल सका है। कुछ इलाकों में पेयजल के साथ सीवेज का मटमैला पानी आ रहा है। कुछ पाइप लाइनें क्षतिग्रस्त हैं, इन्हें अमृत-दो योजना से बदलने का प्रस्ताव है। योजना मंजूर भी हो गई है, पर काम में विलंब होने से नागरिकों को परेशान होना पड़ रहा है।

जाट एरिया, सीआरपी स्थित संत धन्नाराम दरबार के पास एवं गिदवानी पार्क के पास लंबे अरसे से मटमैला पानी आ रहा है। इसकी शिकायत रहवासी पार्षद एवं विधायक से भी कर चुके हैं, लेकिन कोई सुनवाई नहीं हो रही है। गांधीनगर की हरिओम बस्ती एवं महावीर बस्ती में दूषित पानी की सप्लाई की शिकायत है। इन कालोनियों में हाल ही में नगर निगम ने सुधार कार्य किया था, लेकिन अचानक कभी भी गंदा पानी आने लगता है। गिदवानी पार्क, न्यू बी वार्ड एवं ओल्ड बी वार्ड की कुछ कालोनियों में पेयजल लाइनें बरसों पुरानी हैं। इन लाइनों के पास ही सीवेज लाइनें गुजरती हैं। कुछ लाइनें जमीन के अंदर ही क्षतिग्रस्त हो गई हैं। सुबह पानी सप्लाई के समय सीवेज लाइनों का लीकेज पेयजल लाइनों के माध्यम से घरों तक पहुंच रहा है। संतजी की कुटिया से गांधीनगर जाने वाली लाइन से आए दिन पानी लीक हो रहा है। लाइन जर्जर हो चुकी है।

अमृत-दो योजना में विलंब से दिक्कत

नगर निगम ने पहले पानी की जर्जर लाइनें बदलने के लिए अलग प्रस्ताव बनाया था। बाद में इसे अमृत-दो योजना में शामिल कर लिया गया। इस योजना को स्वीकृत कर लिया गया है, पर काम कब शुरू होगा, यह तय नहीं है। नगर निगम अधिकारियों का कहना है कि काम पूरा होते ही नागरिकों को न केवल गंदे पानी से निजात मिल जाएगी बल्कि भरपूर साफ पानी भी मिलेगा। जल कार्य विभाग के एई सचिन साहू के अनुसार काम जल्द ही प्रारंभ होगा।

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