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भांजे ने मामा की हत्या कर कर शव को हाइवे पर फेंका था, ज‍िससे लोगों को लगे हादसा में मौत हुई

भोपाल। सूखीसेवनिया में एक भांजे ने अपने दोस्त के साथ मिलकर अपने सगे मामा की कुल्हाड़ी मारकर हत्या कर दी थी , हत्या के बाद आरोपित ने उस छिपाने के लिए दोस्त के साथ उनके शव हाइवे पर झाडि़यों में ले जाकर फेंक दिया और पास में उनकी बाइक भी गिरा दी।

षडयंत्र के तहत उसने एम्बुलेंस को फोन कर मामा के शव हमीदिया अस्पताल लेकर पहुंचा और पुलिस को भी सूचना दे दी थी। बाद में पुलिस ने मृतक की पोस्टमार्टम रिपोर्ट और भांजे अैर उसके दोस्त से पूछताछ के बाद मामला खुलकर सामने आ गया। पुलिस ने भांजे और उसके दोस्त को गिरफ्तार कर लिया है। आरोपित भांजे ने पांच लाख रुपये के लिए हत्या की थी, जिसे उन्होंने मामा के खाते से गोलमोल कर दिया था। पुलिस अधिकारियों का कहना है कि मृतक अपने भांजे पर इतना भरोसा करता था कि उनके बैंक खाते से संबंधित सभी लेनदेन के साथ यूपीआइ एप से रुपये निकालने के लिए उसी की मदद लेता था।

थाना प्रभारी सूखीसेवनिया रचना मिश्रा ने बताया कि बनवारीलाल उर्फ बंटी कुशवाह (30) ग्राम डोब थाना सूखी सेवनिया का रहने वाला था और खेती किसानी करता था। 31 अक्टूबर की देर रात उसका भांजा रिंकू कुशवाह उसे इलाज के लिए हमीदिया अस्पताल लेकर पहुंचा और बताया कि हादसे में उनको चोट लगी है। डॉक्टरों ने चेक करने के बाद बनवारीलाल को मृत घोषित कर दिया। अस्पताल की सूचना के बाद मौके पर पहुंची पुलिस ने मर्ग कायम कर शव का पीएम कराया और लाश परिजनों को सौंप दी।हालांकि घटनास्थल का निरीक्षण करने और भौतिक सत्यापन करने पर पुलिस को पूरे मामले में संदेह था। पुलिस ने जब रिंकू से पूछताछ की तो उसने पुलिस को गुमराह करते हुए एक्सीडेंट की बात दोहरा दी।

पत्नी और परिजनों के बयान से बढ़ा संदेह

टीआइ मिश्रा ने बताया कि यह हत्या गुत्थी को सुलझाने के लिए एक विशेष टीम बनाई थी। मृतक की पत्नी और स्वजनों के बयान से पता चला कि बनवारीलाल ने कुछ समय पहले 45 लाख रुपये की जमीन बेची थी। वह ज्यादा पढ़ा-लिखा नहीं था, इसलिए बैंक से लेन-देन का काम उसका भांजे रिंकू कुशवाह किया करता था, रिंकु के दोस्त धनीराम कुशवाह की भी मदद लिया करता था। यह भी जानकारी मिली कि रिंकू और धनीराम ने धोखे से बनवारीलाल के खाते से करीब 5 लाख रुपये भी निकाल लिए थे। जब कुछ लोग धनीराम से रुपये लेने आए तो उसने बैंक से रुपये निकालने पहुंचा तो उसे पता चला कि उसके भांजे ने दोस्त के साथ रुपये गोलमोल किए हैं।इस पर बनवारी ने भांजे को धमकाया था कि वह उसे रुपये वापस करें , नहीं तो वह पुलिस में उसकी शिकायत कर देगा।

योजना बनाकर दोनों ने मौत के घाट उतारा

घटना की रात रिंकु और उसके दोस्त धनीराम ने बनवारीलाल ठिकाने लगाने की योजना बनाई और उसे शराब पिलाने का कहकर अपने साथ ले गए। तीनों ने खेत पर बैठकर शराब पी। नशा चढ़ने पर आरोपित ने बनवारी की कुल्हाड़ी मारकर उसकी हत्या कर दी और घटना को एक्सीडेंट का रूप देने के लिए लाश को विदिशा हाइवे मेन रोड पर फेंक दिया था।

हवलदार और एसआइ की रही अहम भूमिका

पुलिस ने इस मामले में अरोपी रिंकू कुशवाह (28) निवासी ग्राम डोब और धनीराम कुशवाह (32) निवासी कोल्ड स्टोरेज के पास थाना सूखी सेवनिया के रहने वाले है। इस मामले में एसआइ दिलीप जयसवाल और हवलदार अरविंद शर्मा की अहम भूमिका रही है। दोनों पहले ही दिन से मामले में संदेह जता रहे थे। दोनों ने गुपचुप तरीके दोनों आरोपितों पर नजर रखी थी। इस कारण पुलिस को सफलता मिली।

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