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भोपाल संसदीय सीट पर भाजपा के उम्‍मीदवार आलोक शर्मा आगे

भोपाल। भोपाल संसदीय सीट पर मतपत्रों की ग‍िनती शुरू हो गई है, भाजपा के उम्‍मीदवार आलोक शर्मा आगे चल रहे हैं। लोकसभा संसदीय क्षेत्र भोपाल के चुनाव परिणामों का सभी को इंतजार है। दरअसल मध्यप्रदेश की राजधानी होने की वजह से यहां पर प्रदेश के साथ ही केंद्र के भी राजनीतिक नेताओं का दखल बना रहता है। यहां हमेशा से ही भाजपा और कांग्रेस दोनों में सीधी टक्कर रही है।भोपाल सीट पर वर्ष 1989 से 2024 तक लगभग 35 वर्ष से भाजपा काबिज है। हालांकि वर्ष 1952 से 1977 तक कांग्रेस ने जीत हासिल की थी। कांग्रेस विरोधी लहर के चलते 1977 में जनता दल के आरिफ बेग यहां से जीते तो 1980 में शंकरदयाल शर्मा दो बार लोकसभा पहुंचे और 1984 में कांग्रेस से केएन प्रधान ने सांसद का चुनाव जीता था।भोपाल लोकसभा क्षेत्र में सात राजधानी के विधानसभा क्षेत्र तो एक सीहोर का सीहोर विधानसभा क्षेत्र शामिल हैं।

 

सबसे अधिक चर्चा में रहा था वर्ष 2019 का चुनाव

 

वर्ष 2019 का भोपाल लोकसभा चुनाव सबसे अधिक चर्चा में बना हुआ था। यहां से भाजपा की तरफ से साध्वी प्रज्ञा सिंह ठाकुर उम्मीदवार थी। तो उनके सामने कांग्रेस के दिग्गज नेता और पूर्व मुख्यमंत्री दिग्विजय सिंह चुनाव लड़ रहे थे। इस चुनाव में साध्वी प्रज्ञा सिंह ने 8,66,482 मत हासिल किए थे। तो वहीं दिग्विजय सिंह ने कुल 5,01,660 मत हासिल किए थे। इस तरह साध्वी ने 3,64,822 मतों के बड़े अंतर से जीत हासिल की थी। उनसे पहले वर्ष 2014 में भाजपा के आलोक संजर ने चुनाव जीता था। उन्हें 7,14,178 और कांग्रेस के पीसी शर्मा को 3,43,482 मत मिले थे।

 

भोपाल लोकसभा सीट का इतिहास

 

भोपाल संसदीय क्षेत्र पर अब तक कुल 17 चुनाव हुए हैं। वर्ष 1952 से 1962 तक कांग्रेस ने चुनाव जीता। इस दौरान सैदुल्लाह रजमी, चतुरनारायण मालवीय, मैमूना सुल्तान सांसद रहे। इसके बाद वर्ष 1967 से 1971 तक भारतीय जनसंघ से जगन्नाथराव जोशी को मतदाताओं ने चुना और फिर वर्ष 1971 में डा. शंकर दयाल शर्मा ने कांग्रेस को फिर से जीत दिलाई वह वर्ष 1977 तक सांसद रहे ।उनके बाद 1977 में जनता पार्टी के आरिफ बेग जीते तो 1980 में डा.शंकरदयाल शर्मा ने दोबारा से जीत हासिल की और आखिरी बार 1984 में कांग्रेस की तरफ से केएन प्रधान ने जीत हासिल की थी।इसके बाद 1989 में सुशीलचंद्र वर्मा ने भाजपा को जीत दिलाई। वह लगातार 1998 तक यानि चार बार संसद चुने गए। 1999 में उमा भारती और फिर दो बार वर्ष 2004,2009 में कैलाश जोशी ने चुनाव जीता। इस चुनाव के बाद से भाजपा ने उम्मीदवार बदलना शुरू कर दिया। वर्ष 2014 में आलोक संजर, वर्ष 2019 में साध्वी प्रज्ञा ठाकुर और अब 2024 के चुनाव में आलोक शर्मा को उम्मीदवार बनाया।जबकि कांग्रेस ने अरुण श्रीवास्तव को मैदान में उतारा है।

कुल मतदाताओं की संख्या

लोकसभा संसदीय क्षेत्र भोपाल में सात विधानसभा क्षेत्र राजधानी के और एक सीहोर जिले का शामिल हैं।लोकसभा चुनाव 2024 के मुताबिक कुल 23 लाख 39 हजार 411 मतदाता हैं। इनमें 11 लाख 38 हजार 585 महिला मतदाता, 12 लाख 649 पुरुष मतदाता और 177 थर्ड जेंडर मतदाता शामिल हैं।इस बार कुल 14 लाख 98 हजार 626 मतदाताओं ने मतदान किया है।

यह व‍िधान सभा सीट है शाम‍िल

लोकसभा संसदीय क्षेत्र भोपाल में कुल आठ विधानसभा क्षेत्र हैं। इनमें भोपाल के सात बैरसिया, उत्तर, नरेला, दक्षिण-पश्चिम, मध्य, गोविंदपुरा, हुजूर शामिल हैं। जबकि सीहोर जिले का एक सीहोर विधानसभा क्षेत्र शामिल हैं।

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