Breaking News in Hindi

मध्य प्रदेश के बुरहानपुर के विज्ञानी ने तैयार किया चंद्रयान-3 का लैंडर सेंसर मंगल यान मिशन में भी रहे शामिल

बुरहानपुर। शुक्रवार को श्रीहरि कोटा केंद्र से इसरो द्वारा छोड़े गए चंद्रयान-तीन में शहर के वरिष्ठ विज्ञानी दिनेश दगड़ूलाल अग्रवाल ने अहम भूमिका निभाई है। उन्होंने इस यान का लैंडर सेंसर तैयार किया है। वे बीते 33 सालों से इसरो में विज्ञानी के तौर पर सेवा दे रहे हैं। इससे पहले वह मंगल यान, चंद्रयान-एक व चंद्रयान-दो के प्रक्षेपण में भी महत्वूपर्ण भूमिका का निर्वहन कर चुके हैं।

शुक्रवार को सांसद ज्ञानेश्वर पाटिल ने उनके पांडुमल चौराहा स्थित घर पर पहुंच कर स्वजन से भेंट की और मिशन चंद्रयान-तीन के लिए बधाई दी। सांसद ने कहा कि विज्ञानी दिनेश अग्रवाल ने केवल बुरहानपुर ही नहीं बल्कि पूरे देश का नाम रोशन किया है।

ज्ञात हो कि दिनेश अग्रवाल ने 11वीं कक्षा तक की शिक्षा शहर के भारत मैदान स्थित सरकारी स्कूल से ग्रहण की है। बारहवीं कक्षा उन्होंने सुभाष उत्कृष्ट स्कूल से उत्तीर्ण की। इसके बाद उन्होंने उज्जैन के सरकारी इंजीनियरिंग कालेज से इलेक्ट्रानिक्स इंजीनियरिंग और एमबीए किया।

चंद्रयान की सफलता के लिए सांदीपनि आश्रम में शुरू हुआ अनुष्ठान

उज्जैन। चंद्रयान-तीन की सफलता के लिए भगवान श्रीकृष्ण की शिक्षा स्थली सांदीपनि आश्रम स्थित श्री कुंडेश्वर महादेव मंदिर में अनुष्ठान शुरू हो गया है। 24 मई को इसरो अध्यक्ष एस. सोमनाथ कुंडेश्वर महादेव मंदिर पहुंचे थे और उन्होंने इस तरह का अनुष्ठान शुरू करने का आग्रह किया था।

लैंडर विक्रम के चंद्रमा की सतह को छूने तक यह अनुष्ठान जारी रहेगा। मंदिर के पुजारी पं. शैलेंद्र व्यास, जो भू-विज्ञानी भी हैं, ने बताया कि श्री कुंडेश्वर महादेव मंदिर में विश्व की एकमात्र अद्वितीय खड़े नंदीजी की मूर्ति है। इस पर ब्राह्मी लिपि में विक्रम लिखा हुआ है।

चंद्रयान-तीन के लैंडर का नाम भी विक्रम है। यह लैंडर सफलतापूर्वक चंद्रमा की सतह को छुए तथा रोवर मिशन को सफल करे, इसी कामना के साथ भगवान श्री कुंडेश्वर महादेव व खड़े नंदीजी की पूजा-अर्चना कर अनुष्ठान की शुरुआत की गई है।

Comments are closed, but trackbacks and pingbacks are open.

ब्रेकिंग
चोरी के डर से छत पर चढ़ा दी Scorpio! गोपालगंज में क्रेन से दो मंजिल ऊपर पहुंचाई SUV सड़क बनेगी तो धंसेगी, धंसेगी तो बनेगी: केशव मौर्य इंडोनेशिया में माउंट अनाक क्राकाटाऊ में जोरदार विस्फोट, 50,000 फीट तक पहुंचा राख का गुबार भारत के राष्ट्रपति ने शिक्षकों को राष्ट्रीय पुरस्कार प्रदान किए। Happy Teachers Day 2026: शिक्षक दिवस क्यों मनाया जाता है? जानें इतिहास और महत्व शुभ जन्माष्टमी: भगवान श्रीकृष्ण के जन्मोत्सव पर देशभर में भक्ति और उल्लास Lucknow: महापौर सुषमा खर्कवाल ने सैन्य अधिकारियों संग मनाया रक्षाबंधन Shubhash Chandra Case: 6.5 करोड़ में रफा-दफा हो गया सुभाष चंद्रा का 22 हजार करोड़ का कर्ज, बैंक झेले... भलस्वा डेयरी में बाइक जब्ती के बाद पुलिसकर्मियों पर हमला, मिर्च पाउडर डालकर पीटने का आरोप चीनी के दाम बढ़ने की मुख्य वजह क्या है ?