Breaking News in Hindi
ब्रेकिंग
PM मोदी का 76वां जन्मदिन आज, बोले आशीर्वाद सेवा का संकल्प मजबूत करता है BRICS Summit 2026: भारत के लिए कितना अहम है यह शिखर सम्मेलन? जानिए समूह से जुड़ी जरूरी बातें आंगनवाड़ी कार्यकर्ताओं का मानदेय ₹8,000 से बढ़कर ₹12,000 प्रतिमाह: UP सरकार का बड़ा ऐलान राजस्थान निकाय चुनाव 2026: 9 और 11 सितंबर को मतदान, 14 सितंबर को आएंगे नतीजे चोरी के डर से छत पर चढ़ा दी Scorpio! गोपालगंज में क्रेन से दो मंजिल ऊपर पहुंचाई SUV सड़क बनेगी तो धंसेगी, धंसेगी तो बनेगी: केशव मौर्य इंडोनेशिया में माउंट अनाक क्राकाटाऊ में जोरदार विस्फोट, 50,000 फीट तक पहुंचा राख का गुबार भारत के राष्ट्रपति ने शिक्षकों को राष्ट्रीय पुरस्कार प्रदान किए। Happy Teachers Day 2026: शिक्षक दिवस क्यों मनाया जाता है? जानें इतिहास और महत्व शुभ जन्माष्टमी: भगवान श्रीकृष्ण के जन्मोत्सव पर देशभर में भक्ति और उल्लास

सात लाख वाहनों पर लगनी थी हाई सिक्योरिटी नंबर प्लेट, अब तक 25 हजार पर ही लग सकी

ग्वालियर। 2019 से पहले खरीदे गए वाहनों पर हाई सिक्योरिटी नंबर प्लेट लगाने लक्ष्य में परिवहन विभाग पिछड रहा है। शहर के सात लाख वाहनों पर हाई सिक्योरिटी नंबर प्लेट लगनी थी। लेकिन अभी तक करीब 25 हजार वाहनों पर ही लग सकी। इधर परिवहन विभाग का कहना है कि ऐसे वाहन जो 2019 के पहले के हैं यदि उन पर हाई सिक्योरिटी नंबर प्लेट नहीं मिली। तो उनके खिलाफ 15 दिसंबर से उनके खिलाफ कार्रवाई होगी और जुर्माना वसूला जाएगा। जबकि आमजन को इस विषय में कोई जानकारी तक नहीं है कि हाई सिक्योरिटी नंबर प्लेट उन्हें लगवानी है। प्रदेश भर की बात करें तो 2019 से पहले के 25 लाख वाहन है जिनमें से करीब 3 लाख में ही हाई सिक्योरिटी नंबर प्लेट लग सकी। यह स्थिति तब है जब सुप्रीम कोर्ट व हाईकोर्ट ने 2019 से पहले के वाहनों के लिए 15 जनवरी तक का समय निर्धारित किया है। लोगों को इस बात की भी जानकारी नहीं है कि उन्हें हाई सिक्योरिटी नंबर प्लेट कैसे मिलेगी। डीलर भी इस बात से अनभिज्ञ है।

15 दिसंबर के बाद होगी कार्रवाई

परिवहन विभाग के नियमानुसार प्लेट लगाने का काम संबंधित कंपनियों के शाेरूम को दिया गया है। लेकिन काफी सारे शोरूम संचालकों को इसकी जानकारी नहीं है। उनका कहना है कि 2020 के वाहनों में हाई सिक्योरिटी नंबर प्लेट के लिए वह आनलाइन आवेदन कर देते है और जिनकी आ जाती है उन तक पहुंचा देते हैं। लेकिन 2019 से पहले खरीद किए गए वाहनों पर हाई सिक्योरिटी नंबर प्लेट लगानी है इसकी जानकारी नहीं है। जबकि विभाग का कहना है कि 15 दिसंबर तक ज्यादा से ज्यादा वाहनों पर लगाएं अन्यथा विभाग का उड़नदस्ता और ट्रैफिक पुलिस बिना हाई सिक्योरिटी नंबर प्लेट बाले वाहनों पर कार्रवाई करेगी।शहर में 2019 से पहले के 3 लाख चार पहिया और 4 लाख के करीब दो पहिया वाहन मौजूद हैं । इधर, आम लोगों को इस बारे में ज्यादा जानकारी नहीं है।

नंबर प्लेट के लिए इस तरह से करना होगा आवेदन

वाहन के लिए हाई सिक्योरिटी नंबर प्लेट लेने के लिए आवेदन दो तरीकों से किया जा सकता है। पहला आनलाइन इसके लिए आप डब्ल्यूडब्ल्यू डोट बुकमाईएचएसआरपी डोट काम पर जाएं। नंबर प्लेट मंगवाने के लिए पहले विकल्प को चुनना है। फिर आपको वो राज्य चुनना है, जिस राज्य में आपकी गाड़ी रजिस्टर्ड है। अब अपना गाड़ी नंबर, चेसिस नंबर, इंजन नंबर और स्क्रीन पर दिए हुए कैप्चा कोड को दर्ज करके क्लिक करना होगा। इसके बाद आनलाइन पेमेंट ही करना है। पेमेंट करने के बाद आपको नई नंबर प्लेट आर्डर हो जाएगी नंबर प्लेट को घर और अपने नजदीकी शोरूम में मंगवा सकते हैं। वहीं आफलाइन आवेदन के लिए वाहन शो-रूम पर फार्म भरना होगा।

हाई सिक्योरिटी नंबर प्लेट लगवानी है मुझे इस बात की जानकारी ही नहीं है। कहां पर कैसे लगेगी इसके बारे में जानकारी आरटीओ आफिस में जाकर लूंगा।

कमल अग्रवाल,नागरिक

हाई सिक्योरिटी नंबर प्लेट के बारे में सुना था लेकिन मुझे यह जानकारी थी कि नए वाहनों ही लगनी है और वह भी चार पहिया वाहनों में।

संजीव गुप्ता,नागरिक

2020 के बाद के सभी वाहनों पर हाई सिक्योरिटी नंबर प्लेट के लिए आनलाइन आवेदन कर दिया जाता है। जब वह आ जाती है तो उपलब्ध करा दी जाती है।पर 2019 से पहले के वाहनों पर भी लगनी है इसकी जानकारी नहीं है, यदि कोई आता है तो उसकी मदद की जाएगी।

मुकेश अग्रवाल, समर्थ सौम्या ग्रुप

हाई सिक्योरिटी नंबर प्लेट लगने का बड़ा लक्ष्य है। जिसे पूरा करने में वक्त तो लगेगा। लोगों को इसके लिए जागरुक किया गया है। शोरूम संचालकों को भी इसकी जानकारी दी है।बिना हाई सिक्योरिटी नंबर प्लेट वाले वाहनों के खिलाफ 15 दिसंबर से चालानी कार्रवाई की जाएगी।

एचके सिंह, आरटीओ

Comments are closed, but trackbacks and pingbacks are open.