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Abhijit Muhurat 2024: साल 2024 में कब हैं अभिजीत मुहूर्त, नोट करें जनवरी से दिसंबर तक तिथि व समय

भिजीत मुहूर्त को विभिन्न कार्यों में सफलता प्राप्त करने के लिए महत्वपूर्ण माना गया है। इस मुहूर्त में दक्षिण दिशा में यात्रा करना वर्जित माना जाता है।

अभिजीत मुहूर्त 2024

धर्म डेस्क, इंदौर। अभिजीत मुहूर्त को विभिन्न कार्यों में सफलता प्राप्त करने के लिए महत्वपूर्ण माना गया है। ज्योतिष शास्त्र के अनुसार, एक दिन में 30 मुहूर्त होते हैं। इन मुहूर्तों को सूर्यादय से सूर्यास्त तक 15 और अन्य 15 मुहूर्तों को सूर्यास्त से अगले दिन के सूर्योदय में विभाजित किया गया है। 15 मुहूर्तों का मध्य भाग अभिजीत मुहूर्त है।

क्या है अभिजीत मुहूर्त?

ज्योतिष शास्त्र के अनुसार, अभिजीत मुहूर्त का समय दोपहर के मध्य भाग से 24 मिनट पहले शुरू होता है। दिन के मध्यभाग के 24 मिनट बाद खत्म हो जाता है। इस मुहूर्त में दक्षिण दिशा में यात्रा करना वर्जित माना जाता है। बुधवार के दिन अभिजीत मुहूर्त पड़ने पर कोई शुभ काम न करें।

अभिजीत मुहूर्त का महत्व

मान्यता है कि इस शुभ समय में महादेव ने राक्षस त्रिपुरासुर का वध किया था। भगवान राम का जन्म इसी मुहूर्त में हुआ था।

साल 2024 में अभिजीत मुहूर्त की तिथियां

12 जनवरी, सुबह 09.55 मिनट से दोपहर 04.44 बजे तक।

8 फरवरी, रात्रि 08.52 मिनट से 9 फरवरी सुबह 03.40 बजे तक।

7 मार्च, सुबह 07.34 मिनट से दोपहर 02.30 बजे तक।

3 अप्रैल, दोपहर 04.06 मिनट से रात्रि 11.18 बजे तक।

30 अप्रैल, रात्रि 10.20 मिनट से 1 मई सुबह 05.42 बजे तक।

28 मई, रात्रि 03.45 मिनट से सुबह 11.06 बजे तक।

24 जून, सुबह 10.13 मिनट से शाम 05.25 बजे तक।

21 जुलाई, शाम 06.40 मिनट से 22 जुलाई रात 01.43 बजे तक।

18 अगस्त, सुबह 04.41 मिनट से सुबह 11.43 बजे तक।

14 सितंबर, दोपहर 02.52 मिनट से रात्रि 10.03 बजे तक।

11 अक्टूबर, रात्रि 11.33 मिनट से 12 अक्टूबर को सुबह 06.59 बजे तक।

8 नवंबर, सुबह 06.02 मिनट से दोपहर 01.39 बजे तक।

5 दिसंबर, सुबह 11.25 मिनट से शाम 07.03 बजे तक।

डिसक्लेमर

‘इस लेख में दी गई जानकारी/सामग्री/गणना की प्रामाणिकता या विश्वसनीयता की गारंटी नहीं है। सूचना के विभिन्न माध्यमों/ज्योतिषियों/पंचांग/प्रवचनों/धार्मिक मान्यताओं/धर्मग्रंथों से संकलित करके यह सूचना आप तक प्रेषित की गई हैं। हमारा उद्देश्य सिर्फ सूचना पहुंचाना है, पाठक या उपयोगकर्ता इसे सिर्फ सूचना समझकर ही लें। इसके अतिरिक्त इसके किसी भी तरह से उपयोग की जिम्मेदारी स्वयं उपयोगकर्ता या पाठक की ही होगी।’

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