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शादी करके लौटी 11वीं की छात्रा, स्कूल वालों ने किया ऐसा सलूक, घर में बैठना पड़ गया

उत्तराखंड के अल्मोड़ा में 11वीं में पढ़ने वाली एक छात्रा ने शादी कर ली. शादी के बाद जब वो वापस स्कूल लौटी तो उसे यहां एंट्री नहीं मिली. छात्रा और उसके परिजनों का आरोप है कि शादी के बाद अब स्कूल प्रबंधन उसे वहां पढ़ने नहीं दे रहा. कह रहा है कि प्राइवेट पढ़ाई करो. छात्रा ने जब स्कूल से इसका कारण पूछा तो जवाब मिला- तुम्हारी वजह से स्कूल का माहौल खराब होगा. बाकी छात्राओं पर इसका बुरा असर पड़ेगा. छात्रा के आरोपों पर स्कूल प्रबंधन ने भी सफाई दी है.

मामला अल्मोड़ा के नियाजगंज स्थित राजा आनंद सिंह राजकीय बालिका इंटर कॉलेज का है. जानकारी के मुताबिक, अल्मोड़ा की रहने वाली एक छात्रा कक्षा 11वीं में पढ़ती है. वो कक्षा 8 से इस विद्यालय में पढ़ते आ रही है. 28 जुलाई को उसके परिजनों ने उसका निकाह करवा दिया था. छात्रा ने आरोप लगाया- निकाह के बाद वह 3 अगस्त को स्कूल गई थी. स्कूल में उससे कहा गया कि ‘अब आप स्कूल नहीं आ पाओगी और प्राइवेट से पढ़ाई करो. इससे यहां के बच्चों का माहौल खराब होगा…’ छात्रा का कहना कि वो स्कूल जाना चाहती है और आगे पढ़ना चाहती है, लेकिन उसे मना किया जा रहा है.

छात्रा की सास ने आरोप लगाया- वो खुद बहू को स्कूल लेकर गई थीं. लेकिन स्कूल प्रबंधन ने उनकी बहू को क्लास में बैठाने से इनकार कर दिया. स्कूल प्रबंधन ने ये कह कर मना कर दिया कि ‘स्कूल में शादीशुदा लड़कियों के रहने से स्कूल का माहौल खराब हो सकता है. इसलिए आप इसे प्राइवेट शिक्षा दिला सकते हैं. विद्यालय में इसे नियमित पढ़ाई करने की अनुमति नहीं दी जा सकती है.’

स्कूल प्रबंधन ने दी सफाई

स्कूल की प्रभारी प्रधानाचार्य का कहना है कि ‘यह कोई विवाद का मामला नहीं है. छात्रा हमारे स्कूल में कक्षा 11वीं की छात्रा है. उसके परिजनों ने कहा था कि वो 28 जुलाई को छात्रा की शादी करने जा रहे हैं. इस दौरान केवल बात हुई थी. हमने कहा था कि यह हमारे संज्ञान में नहीं है कि विवाहित छात्रा को विद्यालय में बैठाए या ना बैठाएं. इस संबंध में उच्चाधिकारी से जानकारी लेंगे, उसके बाद उसे कक्षा में बैठने देंगे. लेकिन इतनी सी बात को मुद्दा बना दिया गया है.’

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