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वाघा बॉर्डर की तरह जैसलमेर की सीमा पर भी होगी रिट्रीट सेरेमनी, शामिल नहीं होंगे पाकिस्तानी रेंजर्स

पंजाब के अमृतसर में वाघा बॉर्डर की तरह ही राजस्थान के जैसलमेर की सीमा पर भी रिट्रीट सेरेमनी का आयोजन हुआ करेगा. भारतीय सीमा सुरक्षा बल इसके लिए तैयारी मुकम्मल कर चुका है. रिट्रीट सेरेमनी का आयोजन जैसलमेर बॉर्डर स्थित तनोट माता मंदिर में किया जाएगा. अगले वर्ष की शुरुआत में ही इसे शुरू करने की प्लानिंग है. यहां आने वाले पर्यटकों के लिए विशेष सुविधाएं दी जाएंगी.

रिट्रीट सेरेमनी देखने आने वाले पर्यटकों के लिए यहां एम्फीथियेटर बनाया जाएगा जिसका काम शुरू हो चुका है. इस थिएटर में 1000 से ज्यादा लोग बैठ पाएंगे. यहां पर प्रतिदिन शाम को बीएसएफ के जवानों द्वारा परेड का प्रदर्शन होगा. बीएसएफ के जवान विधिवत तरीके से तिरंगा उतारेंगे. इसके साथ बीएसएफ के सुरक्षा बेड़े में शामिल और सीमा की मुस्तैदी के साथ सुरक्षा करने वाले रेगिस्तान का जहाज कैमल फोर्स का शो सहित कई कार्यक्रम भी आयोजित किए जाएंगे.

पाकिस्तानी रेंजर नहीं होंगे शामिल

वाघा बॉर्डर की रिट्रीट सेरेमनी में पाकिस्तान की ओर से भी इसमें हिस्सा लिया जाता है. लेकिन पश्चिमी सीमा पर तनोट माता मंदिर में होने वाली रिट्रीट सेरेमनी में पाकिस्तानी रेंजर हिस्सा नहीं लेंगे. सिर्फ भारतीय सेना द्वारा इस रिट्रीट सेरेमनी को आयोजित किया जाएगा. रिट्रीट सेरेमनी के साथ यहां पर हथियारों की गैलरी स्थापित की जाएगी. इसके साथ शहीद वॉल, मुरल वॉल, चिल्ड्रन रिक्रिएशन एरिया, इंटरेक्शन एरिया, ऑडियो विजुअल सिस्टम व स्टेज लाइट भी लगाई जाएंगी. यहां टूरिस्ट के लिए फूड कोर्ट, सर्विलेंस सिस्टम इत्यादि जैसी कई सुविधाएं उपलब्ध कराई जाएंगी. तनोट माता मंदिर पाकिस्तान की सीमा से महज 20 किलोमीटर दूर है.

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