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आज गणेश विसर्जन के लिए ये 4 मुहूर्त हैं शुभ, लेकिन भद्रा के साए से रहें सावधान, होता है अशुभ

गणपति बप्पा के भक्तों के लिए ये बहुत ही भावुक क्षण होता है. इस दिन गणेश भगवान की मूर्ति का विसर्जन किया जाता है. इसे अनंत चतुर्दशी के नाम से भी जाना जाता है. यूं तो बीच में भी लोग मूर्ति का विसर्जन कर सकते हैं लेकिन इस दिन को विसर्जन के लिए सबसे शुभ माना गया है. इस बार 17 सितंबर 2024 को अनंत चतुर्दशी पड़ रही है. ऐसे में बता रहे हैं वो 4 शुभ मुहूर्त जिसमें अगर बप्पा की मूर्ति का विसर्जन किया तो लाभ मिलेगा. साथ ही आज भद्रा काल का साया भी है. तो जान लें वो कौन सा समय है जब आज के दिन बप्पा की मूर्ति का विसर्जन नहीं करना है. भद्रा काल में कोई भी शुभ कार्य करने की रोक होती है.

कौन से हैं 4 शुभ मुहूर्त ?

सुबह का मुहूर्त- 9 बजकर 11 मिनट से 1 बजकर 47 मिनट तक

दोपहर का मुहूर्त- 3 बजकर 19 मिनट से 4 बजकर 51 मिनट तक

शाम का मुहूर्त- 7 बजकर 51 मिनट से 9 बजकर 19 मिनट तक

रात का मुहूर्त- 10 बजकर 47 मिनट से 18 सितंबर 3 बजकर 12 मिनट तक

कितने घंटे का है भद्रा काल ?

भद्राकाल के समय की बात करें तो ये इस बार 11 बजकर 44 मिनट पर शुरू हो जाएगा और रात को 09 बजकर 55 मिनट तक रहेगा. ऐसी मान्यता है कि इस समय कोई भी शुभ कार्य नहीं करना चाहिए. भद्रा काल को शुभ नहीं माना जाता है और हिंदू धर्म की मान्यताओं के अनुसार इस दौरान किसी भी तरह की यात्रा करने से और कोई भी नया कार्य करने से बचना चाहिए.

घर पर कर सकते हैं मूर्ति विसर्जन?

कई लोग ऐसे हैं जो मूर्ति विसर्जन के लिए किसी सरोवर या नदी किनारे नहीं जा पाते हैं. ऐसे में आप अपने घर पर भी विसर्जन कर सकते हैं. लेकिन इस दौरान आपको साफ-सफाई का पूरा ध्यान रखना होगा. साथ ही इस बात का भी ध्यान रखना होगा कि विसर्जन से पहले विधि पूर्वक गणेश भगवान की पूजा करें. वहीं जो लोग बाहर नदी या तालाब में विसर्जन करते हैं उन्हें इस बात का ध्यान रखना चाहिए कि तालाब साफ हो और कहीं उसका छोर किसी नाले से जाकर ना मिलता हो.

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